बुलन्द संदेश ब्यूरो
*मधुबन-बापूधाम योजना को लेकर रिकॉर्ड उत्साह, 350 प्लॉटों के लिए 42,511 आवेदन; एक भूखंड पर औसतन 121 दावेदार*
गाजियाबाद(आशा चौधरी) मधुबन-बापूधाम आवासीय योजना के तहत 350 आवासीय भूखंडों के आवंटन की प्रक्रिया अब अंतिम चरण में पहुंच गई है। गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने पात्र आवेदनों के सत्यापन का कार्य तेज कर दिया है और लक्ष्य रखा है कि 15 अगस्त से पहले पारदर्शी लॉटरी के माध्यम से सभी भूखंडों का आवंटन कर दिया जाए।जीडीए की इस योजना को उम्मीद से कहीं अधिक प्रतिसाद मिला है। महज 350 भूखंडों के लिए 42,511 आवेदन प्राप्त हुए हैं। यानी एक भूखंड के लिए औसतन 121 दावेदार मैदान में हैं। लंबे समय बाद आई इस आवासीय योजना ने अपना घर बनाने का सपना देख रहे हजारों परिवारों में खासा उत्साह पैदा किया है।जीडीए के उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल के निर्देश पर लॉटरी प्रक्रिया को पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने की तैयारी की जा रही है। वहीं, अपर सचिव प्रदीप कुमार सिंह ने बताया कि सभी आवेदनों का सत्यापन अंतिम चरण में है। जांच पूरी होते ही 15 अगस्त से पहले लॉटरी ड्रॉ आयोजित कर पात्र आवेदकों को भूखंड आवंटित किए जाएंगे। लॉटरी का आयोजन लोहिया नगर स्थित हिंदी भवन में प्रस्तावित है।

योजना के तहत 40 वर्गमीटर से 200 वर्गमीटर तक के आवासीय भूखंड उपलब्ध कराए जा रहे हैं। जीडीए ने इन भूखंडों की दर 35 हजार रुपये प्रति वर्गमीटर निर्धारित की है। योजना में अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग, दिव्यांगजन, पूर्व सैनिक और वरिष्ठ नागरिकों के लिए नियमानुसार आरक्षण का प्रावधान भी रखा गया है।
आवंटियों को किस्तों में भुगतान की सुविधा भी मिलेगी, जबकि एकमुश्त भुगतान करने वालों को 4 से 6 प्रतिशत तक की छूट दी जाएगी। योजना के आवेदन शुल्क के रूप में जीडीए को करीब 1,334.40 करोड़ रुपये प्राप्त हुए हैं।जीडीए अधिकारियों का कहना है कि सत्यापन प्रक्रिया पूरी होने के बाद अगस्त के पहले पखवाड़े में लॉटरी कराकर सफल आवेदकों को भूखंड आवंटित कर दिए जाएंगे। योजना की पारदर्शिता बनाए रखने के लिए पूरी प्रक्रिया की लगातार निगरानी की जा रही है।


