बुलन्द संदेश /ब्यूरो
अमरोहा(उप्र)16 जुलाई (भाषा /पी टीआई)प्रदेश व्यापी अभियान ऑपरेशन "साइबर वज्र" के तहत अमरोहा पुलिस ने प्रभावी करवाई करते हुए जनपद के विभिन्न थाना क्षेत्रों से कार्रवाई करते हुए आठ साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया है एक सो तीस संदिग्ध खातों तथा एक सौ एक मोबाइल नंबरों का सत्यापन किया है। उत्तर प्रदेश में साइबर अपराध एवं साइबर अपराधियों के विरुद्ध पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश राजीव कृष्ण के निर्देशन में संचालित प्रदेशव्यापी विशेष अभियान ऑपरेशन साइबर वज्र (CY Vajra) के अंतर्गत, अपर पुलिस महानिदेशक बरेली जोन एवं पुलिस उप महानिरीक्षक मुरादाबाद परिक्षेत्र के मार्गदर्शन में जनपद अमरोहा पुलिस द्वारा साइबर अपराधियों के विरुद्ध व्यापक अभियान चलाकर यह प्रभावी एवं निर्णायक कार्रवाई की गई।पुलिस अधीक्षक लखन सिंह यादव ने बताया कि इस मुहिम के साथ ही इस विशेष अभियान के दौरान जनपद के 279 संदिग्ध व्यक्तियों का भी सत्यापन किया गया।साइबर अपराधों में संलिप्त पाए गए आठ अभियुक्तों को गिरफ्तार करते हुए उनके विरुद्ध जनपद के विभिन्न थानों पर अलग-अलग अभियोग पंजीकृत कर विधिक कार्रवाई की गई।थाना गजरौला के आसुद्दीन पुत्र ग्यासुद्दीन, निवासी ग्राम पपसरा खादर,थाना गजरौला, जनपद अमरोहा ,अभियुक्त अपने भरतपुर-मेवात स्थित साथियों के साथ मिलकर फेसबुक, व्हाट्सएप एवं इंस्टाग्राम पर वर्क फ्रॉम होम एवं पेंसिल पैकिंग जॉब के फर्जी विज्ञापन प्रसारित कर लोगों को अधिक कमाई का लालच देकर साइबर ठगी करता था।इस के विरुद्ध एन सी आर पी पोर्टल पर झारखंड के गोड्डा जनपद से दो शिकायतें दर्ज हैं।थाना नौगावां सादात महेंद्र सिंह पुत्र राम सिंह, निवासी ग्राम कौराल, थाना नौगावां सादात स्वयं को पुलिस अधिकारी बताकर लोगों को डिजिटल अरेस्ट का भय दिखाता था तथा म्यूल बैंक खातों में धनराशि जमा कराकर साइबर ठगी करता था।इस के विरुद्ध पोर्टल पर पंजाब के तरनतारन एवं उत्तर प्रदेश के पीलीभीत से शिकायतें दर्ज हैं। अभियुक्त के खाते में साइबर ठगी के दो लाख छियालीस हज़ार दो सो सत्तर प्राप्त होना पाया गया।थाना रहरा निवासी मुकुल पुत्र आनंद,निवासी ग्राम पोरारा फर्जी यू-मनी गेमिंग एप के माध्यम से लोगों को जोड़कर अवैध रूप से धन एकत्रित करता था।थाना मंडी धनौरा रिंकू कुमार पुत्र चंद्रपाल, निवासी ग्राम कलाली जन सेवा केंद्र की ऑनलाइन फ्रेंचाइजी दिलाने* के नाम पर लोगों से धोखाधड़ी करता था।इस के विरुद्ध पोर्टल पर हैदराबाद (तेलंगाना) एवं गुवाहाटी (असम) से शिकायतें दर्ज हैं।इस के पास बत्तीस हज़ार रूपए की साइबर ठगी की पुष्टि हुई।थाना गजरौला का अभियुक्त दीपू कुमार पुत्र हरिशंकर,निवासी गौराबाजार, सारण, बिहार।अभियुक्त ऑनलाइन स्टॉक मार्केट में निवेश के नाम पर लोगों से धनराशि अपने म्यूल बैंक खातों में जमा कराता था. पोर्टल पर पुणे (महाराष्ट्र) से शिकायत दर्ज है।थाना अमरोहा नगर का बटवाल निवासी उमैर पुत्र कामिल अहमद अभियुक्त विभिन्न प्रकार की ऑनलाइन धोखाधड़ी से प्राप्त धनराशि किराये के बैंक खातों में मंगाकर एटीएम के माध्यम से नकदी निकालता था।पोर्टल पर अहमदाबाद (गुजरात) से शिकायत दर्ज है। थाना मंडी धनौरा का साजिद पुत्र मोहब्बे हुसैन, निवासी ग्राम पारा खालसा,फर्जी पहचान बनाकर ऑनलाइन लोन दिलाने के नाम पर लोगों से धनराशि ठगता था।इस के विरुद्ध पोर्टल पर संत कबीर नगर (उत्तर प्रदेश) एवं दक्षिण दिल्ली से शिकायतें दर्ज हैं।अभियुक्त के खाते में उन्नीस हज़ार सात सो सेंतालिस की साइबर ठगी की धनराशि प्राप्त हुई।थाना गजरौला का मोनू कुमार पुत्र राकेश कुमार, निवासी ग्राम शाहपुर ,ऑनलाइन स्टॉक मार्केट एवं निवेश योजनाओं में भारी मुनाफे का लालच देकर साइबर ठगी करता था।इस के विरुद्ध पोर्टल पर पश्चिम बंगाल,दिल्ली, गुजरात एवं सुल्तानपुर से शिकायतें दर्ज हैं। पूछताछ में ज्ञात हुआ कि गिरफ्तार अभियुक्त सुनियोजित तरीके से सोशल मीडिया एवं डिजिटल प्लेटफॉर्म का दुरुपयोग कर आमजन को अपने जाल में फंसाते थे।वर्तमान में गिरफ्तार अभियुक्तों के आपराधिक, तकनीकी एवं वित्तीय नेटवर्क की विस्तृत जांच की जा रही है।साथ ही इनके अन्य सहयोगियों एवं संगठित साइबर गिरोह से जुड़े व्यक्तियों की भूमिका की भी गहन विवेचना जारी है।अमरोहा पुलिस साइबर अपराध के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस की नीति पर कार्य करते हुए साइबर अपराधियों के विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्रवाई के लिए प्रतिबद्ध है।आमजन की साइबर सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है।


