शहीद सम्मान की मांग को प्रशासन तक पहुंचाया
मोदीनगर (अनवर खान)। शहीदों को संरक्षित संस्था मातृभूमि सेवा संघ के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर डीएम रविंद्र कुमार मांदड़ और सीडीओ कुमार सौरभ से मुलाकात कर अतरौली गांव के अमर शहीदों के सम्मान से जुड़े विभिन्न प्रस्तावों पर चर्चा की। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने अधिकारियों को गुमनाम क्रांतिकारी पुस्तक भी भेंट की।
भेंटवार्ता के दौरान संस्था के पदाधिकारियों ने मांग उठाई कि ग्राम अतरौली में पूर्व में निर्मित मुख्य द्वार को आधिकारिक रूप से शहीद स्मृति द्वार घोषित किया जाए तथा गांव में शहीद स्मारक का निर्माण कराया जाए। ताकि आने वाली पीढ़ियों को देश के लिए सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीरों के योगदान की जानकारी मिल सके। प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कर रहे अध्यक्ष विकास भारतीय ने कहा कि स्वतंत्रता संग्राम और राष्ट्र निर्माण में योगदान देने वाले अनेक क्रांतिकारियों एवं शहीदों का इतिहास आज भी आम जनमानस तक पूरी तरह नहीं पहुंच पाया है। ऐसे में उनके सम्मान और स्मृतियों के संरक्षण के लिए ठोस प्रयास किए जाने की आवश्यकता है। विकास भारतीय ने बताया कि मुलाकात के दौरान जिलाधिकारी ने शहीदों के सम्मान से जुड़े प्रस्तावों पर विचार करने का आश्वासन दिया। वहीं मुख्य विकास अधिकारी ने भी संबंधित मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई का भरोसा जताया।
प्रतिनिधिमंडल में विकास भारतीय, आशुतोष सक्सेना, भव्य सिसोदिया, पवन चौधरी और प्रदीप पांडे शामिल रहे।


